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ग़रीबी का मज़ाक

'स्लम डॉग मिलिनेअर' फ़िल्म में काम कर के प्रसिद्धि पा चुकी रुबीना अचानक से कल फ़िर टीवी चैनेल्स पर छाई हुई थी ... कारण बताने की ज़रूरत नही... जिसने भी चैनेल्स को देखा होगा या आज सुबह का अखबार पढ़ा होगा उसे पता होगा। उस नन्ही सी कलाकार के माता पिता पर अपनी बेटी को बेचने का आरोप लगा है। किसी ने भी ख़बर के तह में जाने की कोशिश नही की। रुबीना के फोटो को भी खुलेआम दिखाया गया कुछ चैनेल के पास तो उसके शॉट्स भी आ गए थे... और ज़्यादा स्तरीय बनाने के लिए उसके पिता को लाइन अप कर के उनसे सवाल जवाब शुरू कर दिया ...किसी ने ये सोचने की ज़हमत नही उठाई की ऐसा करने से उस लड़की और उसके पिता की क्या हालत होगी । एक बात मेरी समझ में नही आई की जब अनजानी लड़कियों के खरीद फरोख्त की खबरें अगर हम दिखातें है या उनके बारे में लिखते हैं तो उसके नाम की जगह काल्पनिक नाम लिखते है चेहरा मोजेक कर के दिखातें है फ़िर रुबीना के साथ ऐसा क्यों नही हुआ। जो पत्रकार वहां स्टिंग करने पहुचे थे उनका चेहरा तो ढका हुआ था और वही इस लड़की का और इसके पिता का चेहरा खुला हुआ था। इससे तो ये ही लग रहा था की ये सब कुछ इन्टेंशनाली किया गया था । भारत में फैली ग़रीबी का मज़ाक उडाने के लिए किया गया था... और इस काम में यहाँ की मीडिया नें भी ऐसे लोगों का भरपूर साथ दिया।

Comments

Nishant Ketu said…
Humaare mulq ki ek khaas baat hai, ki jab tak koi cheez kisi insaan ke dil par chot na kar jaye hum pichhe hi nahi hatte. Iske saath hi hum khud hi apne mulq ka mazaak uda kar khud hi khush bhi ho jaya karte hain. Agar hum duniya ka neta banna chahte hain to humein ye soch badalni padegi... Anyatha apka prashn sirf prashn hi rah jayega... aur hum gaflat mein hi humesh kahte rah jayenge... Mera Bharat Mahan...

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