Monday, December 29, 2014

धुंधली सुबह













सर्द सुबह
जब धूप भी
धुंध की चादर 
में छिपी रहती है -

जब दूर तलक
सफ़ेद सन्नाटा
पसरा होता है -

अक्सर
कुछ धुंधली आकृतियाँ
बनती हैं
फिर लुप्त हो जाती हैं
कोहरे में कहीं -

तब
अपने वजूद को
बचाये रखने के लिए
संघर्ष करती
सहमी चिड़िया
धुंध छंटने के  इंतज़ार में
एक - एक पल ऐसे गुजारती है
जैसे बीत रही हों कई सदियाँ।







© 2008-09 सर्वाधिकार सुरक्षित!

अनंत चतुर्दशी-संस्मरण

का मथS तार... क्षीर समुद्र...का खोजS तार...अनंत भगवान... मिललें... ना। यूँ तो हमारे घर में पूजा पाठ ज़्यादा नहीं हुआ करता था। 'बाबा-अ...